मुरादाबाद जिलाधिकारी अनुज सिंह की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में जिला पर्यावरण समिति एवं जिला गंगा समिति की मासिक समीक्षा बैठक आयोजित हुई। बैठक में जिला पंचायत राज अधिकारी के उपस्थित न होेने पर जिलाधिकारी ने कड़ी नाराजगी व्यक्त करते हुए तत्काल बैठक में उपस्थित होने के निर्देश दिये। बैठक में ठोस अपशिष्ट, प्लास्टिक अपशिष्ट, कंस्ट्रक्शन एवं डिमोलिशन वेस्ट प्रबन्धन, जैव चिकित्सा अपशिष्ट, ई-वेस्ट प्रबन्धन, क्रिटिकल/सीरियसली प्रदूषित औद्योगिक समूह से संबंधित, प्रदूषण फैलाने वाले वाहनों पर की गयी कार्यवाही, रामगंगा नदी के क्रिटिकली प्रदूषित नदी खंडों की माॅनीटरिंग तथा मौढ़ा तैय्या वैटलेण्ड रेस्टोरेशन की विस्तारपूर्वक समीक्षा की गयी।वायो मेडिकल वेस्ट के संबंध में स्वास्थ्य विभाग द्वारा जिलाधिकारी को अवगत कराया गया कि 26 अस्पतालों का निरीक्षण किया गया है और निरीक्षण की कार्यवाही निरन्तर प्रक्रिया में हैं। क्षेत्रीय प्रदूषण अधिकारी ने बताया कि 34 उद्योगों को सील कर दिया गया है। जिलाधिकारी ने कहा कि प्रदूषण विभाग के अधिकारियों के साथ मजिस्ट्रेट द्वारा छापेमारी की जाती है तो उद्योग बंद मिलते हैं और मजिस्ट्रेट बिना बताए निरीक्षण करने जाते हैं तो उद्योग को खुला पाया जाता है इसको क्या समझा जाये। उन्होंने स्पष्ट रुप से निर्देशित किया कि प्रदूषण विभाग द्वारा फैक्ट्रियों पर समुचित निगरानी रखी जाये। मजिस्ट्रेट द्वारा सील की गयी फैक्ट्रियों को प्रदूषण विभाग द्वारा संज्ञान न लेने पर जिलाधिकारी ने कड़ी नाराजगी व्यक्त करते हुए क्षेत्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अधिकारियों को निर्देश दिए कि 10 दिन में शपथ पत्र दें कि यहां पर कहीं भी ई-वेस्ट का कार्य नहीं हो रहा है, यदि आपके द्वारा संज्ञान नहीं लिया जाता है तो एनजीटी को नियमानुसार आपके संबंध में अवगत करा दिया जायेगा। उन्होंने निर्देशित किया कि अगले 10 दिन में सभी अवैध ई-वेस्ट संबंधी गतिविधियां बंद हो जाये इसको सुनिश्चित किया जाये। प्लास्टिक अपशिष्ट के संबंध में उन्होंने कहा कि नगर निगम एवं जिला पंचायत राज अधिकारी इसका परमानेंट उपाये खोजे। सिंगल यूज प्लास्टिक के संबंध में अपर जिलाधिकारी प्रशासन को निर्देश दिए कि नगर निकायों में अभियान चलाकर पाॅलीथीन डिस्पोजल का बेहतर उपाये। स्थलवार विवरण के संबंध में अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी इसकी प्लानिंग अवश्य कर लें। उन्होंने बताया कि पर्यावरण, ग्राम्य विकास, पंचायती राज, सिंचाई, कृषि, पशुपालन, विद्युत, शिक्षा, श्रम,स्वास्थ्य, परिवहन, उद्यान आदि विभागों को कुल 2118435 वृक्षारोपण का लक्ष्य प्राप्त हुआ है। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी मणाली अविनाश जोशी, प्रभागीय निदेशक अविनाश पाण्डेय, अपर जिलाधिकारी प्रशासन संगीता गौतम, जिला पंचायत राज अधिकारी, उप निदेशक कृषि, जिला विद्यालय निरीक्षक, क्षेत्रीय अधिकारी प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड सहित अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहें।



